कोटा। नगर निगम चुनाव में नामांकन वापसी के बाद दोनों निगमों में चुनावी तस्वीर साफ हो गई। दोनों ही निगम में भाजपा के अब भी कई बागियों ने चुनावी दंगल में ताल ठोक रखी है। कोटा उत्तर के पूर्व विधायक प्रहलाद गुंजल के भतीजे ओम गुंजल भी अधिकृत प्रत्याशी के खिलाफ बगावत कर मैदान में डटे हैं। अन्य बागियों ने भी पार्टी प्रत्याशियों के खिलाफ मोर्चा खोल रखा है। लिहाजा भाजपा ने पूर्व पार्षद ओम गुंजल सहित 22 कार्यकर्ताओं को पार्टी से निष्कासित कर दिया।
निगम चुनाव के समन्वयक राजेन्द्र राठौड़, कोटा दक्षिण के प्रभारी अर्जुन मीणा, उत्तर निगम प्रभारी किरण माहेश्वरी तथा कोटा के प्रभारी सांसद सीपी जोशी पिछले चार दिन से बागियों को समझाने में जुटे हुए थे। ओम गुंजल कोटा दक्षिण निगम के वार्ड 31 से बागी होकर चुनाव लड़ रहे हैं। यह वार्ड रामगंजमंडी विधानसभा क्षेत्र में आता है, वहीं कोटा उत्तर के वार्ड 50 से पूर्व पार्षद राकेश सुमन पुटरा भी बागी होकर चुनावी दंगल में ताल ठोक रखी है। पुटरा पूर्व विधायक गुंजल के बेहद करीबी माने जाते हैं।
22 बागियों को किया छह साल के लिए निष्कासित
भाजपा ने अधिकृत प्रत्याशियों के खिलाफ बगावत कर चुनाव लडऩे वाले पदाधिकारियों को शुक्रवार को पार्टी से निष्कासित कर दिया, जबकि कुछ कार्यकर्ताओं को तीन दिन का अल्टीमेटम दिया है। यदि इस अवधि में भी अधिकृत प्रत्याशी को समर्थन नहीं देंगे तो उन्हें भी पार्टी से बाहर का रास्ता जाएगा। कोटा उत्तर की प्रभारी व विधायक किरण माहेश्वरी ने शुक्रवार को पत्रकारों को बताया कि कोटा दक्षिण में 13 तथा कोटा उत्तर निगम में 9 बागियों को पार्टी से छह साल के लिए निष्कासित कर दिया है।
वार्ड 2 से कमलसिंह यदुवंशी, वार्ड 6 से नरेश कुमार प्रजापति, 6 से बुद्धिप्रकाश जांगिड़, 17 से जयराजसिंह, 31 से पूर्व पार्षद ओम गुंजल, 36 से सुरेश धाकड़, 38 से महावीर नागर, 42 से खेमचंद शाक्यवाल, 56 से मनोजकुमार वर्मा, 67 से भानुप्रताप, 68 सुनील गौतम, 53 से बलराम, 65 से निर्मला सिंघल को निष्कासित किया है।
कोटा उत्तर निगम से इनक निकाला
वार्ड 15 इरशाद अली, वार्ड 16 पूर्व पार्षद शकुंतला बैरवा, वार्ड 19 से विशाल सुमन, वार्ड 26 से सुनील शर्मा, वार्ड 43 तेजपाल वर्मा, 43 से राजेन्द्र मेहरा, 47 से जितेन्द्रकुमार लोधा, 50 से पूर्व पार्षद राकेश पुटरा, 66 से नरेश मोहन को छह साल के निष्कासित किया गया है।